गुरदासपुर में युवक की मौत का मामला: नाबालिग प्रेमिका हिरासत में, 9 युवकों पर हमले का आरोप; SIT करेगी जांच
गुरदासपुर। पंजाब के गुरदासपुर में 19 वर्षीय युवक तेजिंदर सिंह की गंभीर चोटों के बाद मौत के मामले में पुलिस ने उसकी 16 वर्षीय परिचित/प्रेमिका को हिरासत में लिया है। पुलिस ने मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया है। हालांकि, घटना की पूरी सच्चाई और प्रत्येक आरोपी की भूमिका जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।
पुलिस के अनुसार, तेजिंदर 18 सितंबर को गुरदासपुर के भूसा गांव में गंभीर रूप से घायल मिला था। उसके सिर सहित शरीर पर गंभीर चोटें थीं। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। उपलब्ध रिपोर्टों में उसकी मौत की तारीख को लेकर अंतर है—कुछ रिपोर्टें 26 सितंबर और कुछ 29 सितंबर बताती हैं।
रिश्ता खत्म करने के बाद बढ़ा विवाद
परिजनों के अनुसार, तेजिंदर और नाबालिग लड़की करीब तीन साल से एक-दूसरे के संपर्क में थे। परिवार को इस संबंध की जानकारी थी और वे इसका विरोध करते थे। करीब तीन महीने पहले तेजिंदर ने कथित तौर पर लड़की से दूरी बना ली थी और रिश्ता खत्म करने का फैसला किया था।
परिजनों का आरोप है कि इसके बाद दोनों के बीच विवाद बढ़ गया। परिवार के मुताबिक, घटना से पहले दोनों के बीच मुकेरियां और चक्क शरीफ बाजार में भी विवाद हुआ था। तेजिंदर की बहन ने दावा किया कि हमले से कुछ दिन पहले लड़की ने अपनी सहेली के फोन से तेजिंदर को संदेश भेजा था।
नौ युवकों से हमला करवाने का आरोप
परिजनों ने आरोप लगाया है कि लड़की ने तेजिंदर को मिलने के लिए बुलाया और भूसा गांव में करीब नौ युवकों को एकत्र किया गया। आरोप है कि वहां तेजिंदर के साथ मारपीट की गई, जिसके बाद वह गंभीर रूप से घायल हो गया।
परिवार का यह भी आरोप है कि हमले के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। पुलिस अब यह पता लगा रही है कि घटना में वास्तव में कितने लोग शामिल थे और प्रत्येक की क्या भूमिका थी।
पुलिस पूछताछ में नाबालिग ने क्या कहा?
पुलिस पूछताछ के संबंध में सामने आई जानकारी के अनुसार, नाबालिग ने कथित तौर पर युवकों को तेजिंदर के हाथ-पैर तोड़ने के लिए पैसे देने की बात कही है। उसका कथित दावा है कि उसका इरादा तेजिंदर की हत्या करवाने का नहीं था।
हालांकि, यह बयान जांच का हिस्सा है और इससे अपने-आप किसी व्यक्ति की आपराधिक जिम्मेदारी तय नहीं होती। पुलिस हमले, कथित भुगतान और युवक की मौत के बीच संबंध सहित सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
परिवार ने किया था प्रदर्शन
मामले में पुलिस कार्रवाई से असंतुष्ट परिजनों ने 29 सितंबर को गुरदासपुर एसएसपी कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया और सभी आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। इसके बाद वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने तीन सदस्यीय SIT गठित करने का आश्वासन दिया, जिसके बाद प्रदर्शन समाप्त किया गया।
एसपी मनोज ठाकुर के अनुसार, तेजिंदर के पिता कुलदीप सिंह की शिकायत पर 20 सितंबर को FIR दर्ज की गई थी। पुलिस का कहना है कि SIT मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।