लुधियाना के गांव बुड्ढेवाल में कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। चौकी रामगढ़ से महज 200 मीटर की दूरी पर अवैध माइनिंग का खेल खुलेआम जारी है, जबकि इस जमीन पर सुप्रीम कोर्ट और पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट का स्पष्ट स्टे ऑर्डर लागू है।
जानकारी के अनुसार, विवादित पर्ल ग्रुप की कई एकड़ बेशकीमती जमीन पर रात के अंधेरे में माइनिंग माफिया जेसीबी और भारी मशीनों से खुदाई कर रहा है। जमीन को गहरे गड्ढों में तब्दील किया जा चुका है और रोजाना 100 से 150 टिप्परों में मिट्टी निकालकर बेची जा रही है।
पुलिस चौकी के सामने से गुजरते हैं टिप्पर, फिर भी खामोशी
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि जिस रास्ते से टिप्पर गुजरते हैं, वह सीधे पुलिस चौकी के सामने से होकर जाता है। इसके बावजूद स्थानीय पुलिस और माइनिंग विभाग की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही, जिससे उनकी भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं।
ठगी के पैसे से खरीदी जमीन, अब हो रही लूट
गौरतलब है कि पर्ल ग्रुप पर हजारों करोड़ रुपए की ठगी के आरोप हैं। इस ग्रुप ने पंजाब समेत कई राज्यों में लोगों से पैसे लेकर जमीनें खरीदी थीं। अदालतों ने इन संपत्तियों को सुरक्षित रखने के निर्देश दिए थे ताकि पीड़ितों को उनका पैसा वापस दिलाया जा सके।
गांव भुखड़ी में डंप हो रही चोरी की मिट्टी
सूत्रों के मुताबिक, अवैध रूप से निकाली गई मिट्टी को भुखड़ी के एक प्ले ग्राउंड में डंप किया जाता है और बाद में ऊंचे दामों पर बेचा जाता है। इस पूरे खेल से रोजाना लाखों रुपये की कमाई होने की बात सामने आ रही है।
सफेदपोशों की शह का संदेह
इलाके में चर्चा है कि इस अवैध कारोबार के पीछे किसी प्रभावशाली राजनेता या बड़े अधिकारियों का हाथ हो सकता है। यही कारण है कि खुलेआम कानून और कोर्ट के आदेशों की अनदेखी की जा रही है।
कोर्ट की अवमानना का मामला
यह मामला सीधे तौर पर अदालत की अवमानना से जुड़ा हुआ है, क्योंकि स्टे ऑर्डर के बावजूद जमीन पर छेड़छाड़ की जा रही है।