📰 स्मार्ट सिटी परियोजनाओं की जांच को लेकर भाजपा का नगर निगम के खिलाफ प्रदर्शन का ऐलान
जालंधर। नगर निगम में कथित भ्रष्टाचार और लगभग एक हजार करोड़ रुपये की स्मार्ट सिटी परियोजनाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर राजनीतिक माहौल फिर गरमा गया है। भाजपा पार्षद दल ने राज्य सरकार पर जांच प्रक्रिया में ढिलाई बरतने और संबंधित फाइलों को दबाने का आरोप लगाया है।
भाजपा पार्षद दल के नेता मंजीत सिंह टीटू की अध्यक्षता में पार्षद मीनू ढंड के निवास पर आयोजित बैठक में जिला भाजपा प्रधान अशोक सरीन हिक्की समेत कई पार्षद और पदाधिकारी शामिल हुए। बैठक के दौरान भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया कि स्मार्ट सिटी परियोजनाओं से जुड़े मामलों की विजिलेंस जांच के नाम पर कार्रवाई को लंबित रखा जा रहा है और कथित रूप से जिम्मेदार लोगों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है।
भाजपा नेताओं ने कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के बीच कथित मिलीभगत का भी आरोप लगाया तथा मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच करवाई जाए। साथ ही जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करने और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग उठाई गई।
बैठक को संबोधित करते हुए मंजीत सिंह टीटू ने घोषणा की कि 9 अक्टूबर को भाजपा पार्षद नगर निगम कार्यालय के बाहर धरना-प्रदर्शन करेंगे और कथित भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज बुलंद करेंगे।
जिला भाजपा प्रधान अशोक सरीन हिक्की ने कहा कि भाजपा पार्षद जनता के हितों और अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखेंगे तथा नगर निगम में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए हर स्तर पर आवाज उठाई जाएगी।
हालांकि, भाजपा द्वारा लगाए गए आरोपों पर राज्य सरकार, नगर निगम प्रशासन, मेयर, कांग्रेस और आम आदमी पार्टी की ओर से समाचार लिखे जाने तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी।
बैठक में पार्षद मंजीत कौर, तरविंदर सोई, अजय बबल, कंवर सरताज, अमित ढल्ल, रवि कुमार, पार्षद पति जगजीत सिंह, दर्शन लाल भगत, मंडल प्रधान अजय ठाकुर और रोहित ढंड सहित कई भाजपा नेता एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।