राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में बड़े लोगों को बचाने का आरोप, निष्पक्ष जांच की मांग: केजरीवाल
अमृतसर/नई दिल्ली, 28 जून: आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक Arvind Kejriwal ने अयोध्या के Shri Ram Janmabhoomi Mandir में कथित चढ़ावा चोरी मामले को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मामले में केवल छोटे स्तर के लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि मुख्य आरोपियों को बचाने की कोशिश की जा रही है।
अमृतसर में आयोजित एक प्रेस वार्ता के दौरान केजरीवाल ने कहा कि मंदिर में कथित तौर पर बड़ी रकम की चोरी हुई, लेकिन अब तक बरामद राशि बहुत कम बताई जा रही है। उन्होंने सवाल किया कि यदि चोरी की रकम करोड़ों रुपये थी, तो शेष पैसा कहां गया और उसके संबंध में जांच क्यों नहीं की जा रही।
उन्होंने कहा कि गिरफ्तार किए गए आठ लोग निचले स्तर के कर्मचारी हैं और पुलिस ने उनसे गहन पूछताछ के लिए रिमांड तक नहीं लिया। उनके अनुसार, यदि मामले की गंभीरता से जांच की जाती, तो यह पता लगाया जा सकता था कि कथित रूप से चोरी किया गया पैसा किन लोगों तक पहुंचा और उसका उपयोग कहां हुआ।
केजरीवाल ने आरोप लगाया कि जांच केवल औपचारिकता बनकर रह गई है और वास्तविक जिम्मेदार लोगों तक पहुंचने का प्रयास नहीं किया जा रहा। उन्होंने मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष और व्यापक जांच कराई जाए, ताकि चढ़ावे की राशि से जुड़े सभी तथ्यों को सामने लाया जा सके।
वहीं, Bhagwant Mann ने धार्मिक संस्थाओं के राजनीतिकरण पर चिंता जताते हुए कहा कि धर्म और राजनीति को अलग-अलग रखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि धार्मिक स्थलों का संचालन ऐसे लोगों के हाथों में होना चाहिए, जिनकी धार्मिक परंपराओं और आस्था से गहरी जुड़ाव हो।
मुख्यमंत्री ने उदाहरण देते हुए कहा कि पंजाब में कई धार्मिक ट्रस्ट प्रशासनिक निगरानी में काम करते हैं, लेकिन उनके संचालन में धार्मिक और सामाजिक क्षेत्र से जुड़े सम्मानित व्यक्तियों को शामिल किया जाता है। उन्होंने कहा कि धार्मिक संस्थानों के मामलों को राजनीतिक लाभ-हानि के नजरिए से नहीं देखा जाना चाहिए।
यह बयान ऐसे समय आया है जब राम मंदिर से जुड़े कथित चढ़ावा चोरी मामले को लेकर विभिन्न राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है। हालांकि, मामले में लगाए गए आरोपों और दावों की जांच संबंधित एजेंसियों द्वारा की जा रही है और आधिकारिक निष्कर्ष सामने आना अभी बाकी है।